टूटते हिस्से

कल से बीमार खटिये पे पड़ी है माँ छोटू भी बेचारा कल से भूखा है जो पिछले महीने भेजे थे वो खर्च हो गए राशन

भूख

आज लॉक डाउन ३ की शुरुआत, मैं कुछ ज़रूरी खाने का सामान लेने बाहर सड़क पे निकला ही था कि जन समूह ने घेर लिया